Strengthen Back And Core With Yoga: कोर यानी पेट और कमर के आसपास की मांसपेशियां और बैक मजबूत है तो हमारे पूरे शरीर के बैलेंस और पोस्चर की समस्या जीवन भर नहीं होगी. मजबूत कोर और बैक से कमर दर्द और चोट का खतरा भी कम होता है, और लंबे समय तक बैठने या काम करने से शरीर में दर्द भी नहीं होता. यह मांसपेशियां हमारे शरीर को सपोर्ट देती हैं, स्टेबिलिटी बढ़ाती हैं और रोजमर्रा की गतिविधियां आसान बनाती हैं. साथ ही, मजबूत बैक और कोर से पॉवर और एनर्जी बढ़ती है, साथ ही स्ट्रेस कम होकर शरीर फिट और लचीला बना रहता है. ऐसे में जरूरी है कि हम अपने कोर और बैक मसल्स को मजबूत बनाने वाले योग आसानों को अपने दिनचर्या में शामिल करें.
कोर और बैक मसल्स को मजबूत बनाने वाले योग(Yoga For Back And Core Strength)-
कैट-काउ स्ट्रेच (Cat-Cow Stretch)
सबसे पहले चार पैरों के बल बैठें. सांस अंदर लेते हुए पीठ को ऊपर उठाएं (Cow), और सांस छोड़ते हुए पीठ को गोल करें (Cat). धीरे-धीरे करें और अपनी सांस के अनुसार मूवमेंट को फॉलो करें. यह आसन रीढ़ की हड्डी को एक्टिव करता है, कठोरता कम करता है और शरीर को हल्का महसूस कराता है.
कोबरा पोस (Cobra Pose)
पेट के बल लेट जाएं और हाथों को कंधों के नीचे रखें. धीरे-धीरे अपनी छाती को जमीन से ऊपर उठाएं. कोहनियों को थोड़ा मोड़ा रखें और कंधों को रिलैक्स करें. यह मिनी बैकबेंड आपके छाती को खोलता है और लोअर बैक को मजबूत बनाता है.
सीधे हाथों और पैरों के बल शरीर को उठाएं. शरीर सीधी लाइन में होनी चाहिए, न तो झुकी और न ही उठी हुई. कुछ सांसों तक इस पोस को पकड़ें. यह कोर को एक्टिव करता है, हाथों को टोन करता है और पूरे शरीर में स्टेबिलिटी लाता है.
ब्रिज पोस (Bridge Pose)
पीठ के बल लेट जाएं, घुटनों को मोड़ें और पैर जमीन पर रखें. एड़ी में दबाव डालकर हिप्स को उठाएं. ग्लूट्स को हल्का सिकोड़े और धीरे-धीरे नीचे लाएं. यह लोअर बैक, ग्लूट्स और जांघों को मजबूत बनाता है.
लोस्ट पोस (Locust Pose)
पेट के बल लेटकर, छाती, हाथ और पैर जमीन से थोड़े ऊपर उठाएं. कुछ सेकेंड रोकें और फिर रिलैक्स करें. यह पोस रीढ़ की गहरी मांसपेशियों को मजबूत करता है और पोस्चर सुधारने में मदद करता है.
चाइल्ड पोस (Child’s Pose)
एड़ी पर बैठें और हाथ आगे बढ़ाकर माथा मैट पर रखें. यह आरामदेह पोस लोअर बैक को हल्का स्ट्रेच देता है और दिनभर का तनाव कम करता है.
सुपाइन ट्विस्ट (Supine Twist)
पीठ के बल लेट जाएं, एक घुटना मोड़कर धीरे-धीरे शरीर के विपरीत तरफ रखें और सिर को दूसरी तरफ घुमाएं. यह रीढ़ की हड्डी को रिलैक्स करता है और लोअर बैक को राहत देता है.
आपको हर दिन सभी सात आसन करने की जरूरत नहीं है. बस कुछ आसन भी कमाल कर सकते हैं. ये आसन न केवल आपकी कमर और कोर की ताकत बढ़ाते हैं, बल्कि मानसिक तनाव भी कम करते हैं. सबसे अच्छी बात यह है कि इसके लिए किसी उपकरण की जरूरत नहीं, बस आपकी मैट और आप.
रोजाना 10-15 मिनट योग करने से आप धीरे-धीरे अपने शरीर को मजबूत और लचीला बना सकते हैं, साथ ही बेहतर पोस्चर और ऊर्जा महसूस कर सकते हैं.