सर्दियों में यह गूदा क्यों है सेहत के लिए कमाल, कई बीमारियों में फायदेमंद

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सर्दियों का मौसम शुरू हो चुका है, और इस दौरान लोग अक्सर खान-पान पर ध्यान नहीं देते, जिससे कई स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है. ऐसे में बेल का गूदा सेहत के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है. सर्दियों में इसका सेवन करने से न केवल एक बल्कि कई बीमारियों से राहत मिलती है और यह दर्जनों स्वास्थ्य समस्याओं में रामबाण इलाज की तरह काम करता है.

सर्दियों में बेल का गूदा सेहत के लिए काफी फायदेमंद माना जाता है. यह पाचन, इम्यूनिटी और वात-कफ संतुलन में मदद करता है, क्योंकि इसमें फाइबर, विटामिन और मिनरल्स भरपूर होते हैं. बेल का गूदा कब्ज, सर्दी-खांसी और पेट से जुड़ी समस्याओं में राहत देता है. हालांकि, इसका अधिक सेवन नहीं करना चाहिए, क्योंकि इससे वात-कफ दोष बढ़ सकता है. खासतौर पर कब्ज से परेशान लोगों को इसे सीमित मात्रा में लेना चाहिए, जबकि काली मिर्च या शहद के साथ सेवन करने से इसके फायदे और बढ़ सकते हैं.

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डॉक्टर गीतिका शर्मा के अनुसार, सर्दियों में बेल का गूदा पाचन और कब्ज के लिए बेहद लाभकारी होता है. इसमें मौजूद फाइबर मल को नरम कर कब्ज की समस्या दूर करता है और आंतों को साफ रखने में मदद करता है. साथ ही, यह पाचन क्रिया को बेहतर बनाता है और पेट की जलन को शांत करता है. यही वजह है कि सर्दी के मौसम में भी बेल का सेवन जूस या मुरब्बे के रूप में किया जा सकता है, लेकिन मात्रा सीमित रखना जरूरी है.

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सर्दियों में बेल का गूदा श्वसन संबंधी समस्याओं जैसे खांसी, अस्थमा और ब्रोंकाइटिस में लाभकारी माना जाता है. यह कफ को कम करने के साथ-साथ वात-कफ संतुलन में मदद करता है. हालांकि ठंडी हवा श्वसन नलिकाओं को संकुचित कर देती है, जिससे बलगम बढ़ सकता है और सांस लेने में परेशानी होती है. ऐसे में बेल के पत्तों का काढ़ा या अन्य रूप कफ निस्सारक और सूजन-रोधी गुणों के कारण राहत दे सकता है, लेकिन यदि कफ अधिक बने तो डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है.

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सर्दियों के मौसम में बेल का गूदा एक देसी इम्युनिटी बूस्टर की तरह काम करता है. विटामिन C, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर बेल शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है और पाचन तंत्र को दुरुस्त रखता है. खासकर सर्दी-खांसी और मौसमी संक्रमण से बचाव में यह काफी फायदेमंद माना जाता है.

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सर्दी में बेल का गूदा शरीर को ऊर्जा देता है, खासकर जब इसे गुड़ के साथ खाया जाए. यह थकान दूर करता है और प्रोटीन, विटामिन व खनिजों से भरपूर होता है. हालांकि इसकी तासीर ठंडी होती है और यह मुख्य रूप से गर्मियों में शरीर को ठंडक व लू से बचाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है. ऐसे में सर्दी में अधिक सेवन करने पर ठंडक का अहसास हो सकता है. इसलिए मात्रा का ध्यान रखना जरूरी है, लेकिन ऊर्जा, पाचन और रोग प्रतिरोधक क्षमता के लिए यह लाभदायक माना जाता है.

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सर्दी में बेल का गूदा विटामिन (A, B, C), खनिज (आयरन, कैल्शियम, पोटैशियम, मैग्नीशियम), फाइबर, टैनिन और फ्लेवोनोइड्स जैसे पोषक तत्वों से भरपूर होता है. यह रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में मदद करता है, पाचन को सुधारता है और सर्दी-खांसी व कफ से राहत देता है. साथ ही यह शरीर को जरूरी ऊर्जा और पोषण भी प्रदान करता है.

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सर्दियों में बेल का गूदा पाचन और पेट के लिए बेहद फायदेमंद होता है, क्योंकि इसमें फाइबर भरपूर मात्रा में मौजूद होता है. यह कब्ज, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याओं से राहत दिलाता है और पाचन तंत्र को मजबूत बनाता है. साथ ही यह पेट को ठंडक पहुंचाता है और पेट के अल्सर को ठीक करने में मदद करता है, जिससे पेट स्वस्थ और शांत रहता है. हालांकि, अत्यधिक मात्रा में इसका सेवन नहीं करना चाहिए, क्योंकि इससे पेट फूलना या कब्ज बढ़ सकती है.

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