सासाराम में ‘डिजिटल चाय’ का ट्रेंड, गैस छोड़ इंडक्शन पर बन रही चाय

Last Updated:

Rohtas Digital Chai: बदलते समय के साथ अब छोटे शहरों में भी तकनीक का असर साफ दिखाई देने लगा है. सासाराम के गोला बाजार में एक चाय दुकान इन दिनों चर्चा में है, जहां पारंपरिक गैस चूल्हे की जगह इंडक्शन पर चाय बनाई जा रही है. प्रशासन की सख्ती के बीच दुकानदार ने यह नया तरीका अपनाया है, जो न सिर्फ नियमों के पालन की मिसाल है बल्कि सुरक्षा और आधुनिक सोच को भी दर्शाता है. यही वजह है कि लोग इसे मजाक में ‘डिजिटल चाय’ कह रहे हैं और देखने के लिए जुट रहे हैं. रिपोर्ट- ज्ञानेन्द्र कुमार

शहर में बदलते समय के साथ लोगों की सोच भी अब तेजी से बदलती नजर आ रही है. तकनीक और नियमों के साथ कदम मिलाकर चलने की यह नई तस्वीर सासाराम शहर के व्यस्त इलाकों में से एक गोला बाजार से सामने आई है. यहां एक चाय की दुकान इन दिनों लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है.

यहां की चाय अब पारंपरिक गैस चूल्हे पर नहीं, बल्कि इंडक्शन चूल्हे पर उबल रही है. स्थानीय लोग इसे मजाक में “डिजिटल चाय” भी कहने लगे हैं. आइये जानते हैं इसके बारे में.

दरअसल, पिछले कुछ दिनों से रोहतास जिला प्रशासन द्वारा कमर्शियल गैस सिलेंडर के अवैध उपयोग और कालाबाजारी को लेकर लगातार छापेमारी की जा रही है. कई जगहों पर कार्रवाई भी हुई है, जिससे छोटे दुकानदारों और चाय विक्रेताओं के बीच सतर्कता बढ़ी है. इसी सख्ती के बीच सासाराम के गोला बाजार में एक दुकानदार ने नया रास्ता अपनाते हुए गैस सिलेंडर की जगह इंडक्शन चूल्हे पर चाय बनाना शुरू कर दिया है. इसकी चाय देखने के लिए लोगों की भीड़ उमड़ रही है.

Add News18 as
Preferred Source on Google

दुकानदार का यह कदम लोगों को इसलिए भी अलग लग रहा है. क्योंकि आमतौर पर सड़क किनारे या छोटी दुकानों में चाय गैस या लकड़ी के चूल्हे पर बनती है, लेकिन यहां बिजली से चलने वाले इंडक्शन चूल्हे पर केतली चढ़ी रहती है और उसी पर चाय तैयार की जाती है. यह न सिर्फ तकनीक के इस्तेमाल की एक छोटी लेकिन सकारात्मक मिसाल है. बल्कि इससे सुरक्षा और पर्यावरण के लिहाज से भी बेहतर विकल्प सामने आया है.

इस संबंध में जब दुकानदार से बात की गई तो उन्होंने बेहद सहज अंदाज में कहा कि समय के साथ बदलाव जरूरी है. उनका कहना था कि जैसे-जैसे दुनिया बदल रही है. हमें भी अपनी सोच और तरीके बदलने होंगे.

गैस सिलेंडर को लेकर प्रशासन की जो सख्ती है. वह नियमों के तहत है और प्रशासन के नियमों का पालन करना हम सभी की जिम्मेदारी है. इसलिए हमने इंडक्शन पर चाय बनाना शुरू कर दिया है. दुकानदार ने यह भी बताया कि शुरू में उन्हें लगा था कि इंडक्शन पर चाय बनाना मुश्किल होगा, लेकिन अब सब कुछ आसानी से चल रहा है. ग्राहक भी इस नए तरीके को देखकर हैरान होते हैं और कई लोग इसे आधुनिक सोच की मिसाल बताते हैं.

गोला बाजार की यह छोटी सी तस्वीर यह दिखाती है कि अगर लोग चाहें तो नियमों का पालन करते हुए भी अपने रोजगार को नए और सुरक्षित तरीके से चला सकते हैं. तकनीक का यह सरल इस्तेमाल न केवल प्रशासन के प्रयासों को मजबूती देता है. बल्कि यह भी बताता है कि जागरूक नागरिक बदलते समय के साथ खुद को ढालने में पीछे नहीं हैं.

न्यूज़18 को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।

.

Share me..

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *