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Ginkgo Biloba Health Benefits: गिंको बिलोबा एक दुर्लभ और प्राचीन औषधीय पौधा है जिसे पर्मियन काल का जीवित जीवाश्म माना जाता है. आयुर्वेद विशेषज्ञों के अनुसार, इसकी पत्तियों में फ्लेवोनॉयड्स और टेरपेनॉइड्स जैसे तत्व होते हैं जो रक्त प्रवाह को बढ़ाते हैं और मस्तिष्क को पोषण देते हैं. यह पौधा तनाव, अवसाद, ब्लड प्रेशर, थकान और जोड़ों के दर्द में लाभकारी है. इसके एंटी-एजिंग गुण त्वचा को जवां बनाए रखते हैं. राजस्थान सरकार ने इसे औषधीय पौधों को बढ़ावा देने के अभियान में शामिल किया है
प्रकृति में अनेक ऐसे पौधे हैं जो मानव शरीर के लिए वरदान साबित होते हैं. इन्हीं में से एक है गिंको बिलोबा, जो औषधीय गुणों से भरपूर है. यह कोई साधारण पौधा नहीं बल्कि दुनिया के सबसे पुराने पौधों में से एक है. आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. नरेंद्र कुमार के अनुसार यह पौधा पर्मियन काल का जीवित जीवाश्म है.

गिंको बिलोबा एक पर्णपाती वृक्ष है, जिसकी पत्तियां पंख के आकार की और अत्यंत सुंदर होती है. ये हर मौसम में अपना रंग बदलती है. वसंत में हल्की हरी, गर्मियों में गहरी हरी और शरद ऋतु में सुनहरी हो जाती हैं. यह पौधा न केवल देखने में आकर्षक है बल्कि औषधीय दृष्टि से भी अत्यंत उपयोगी है.

आयुर्वेदिक विशेषज्ञों के अनुसार, यह पौधा बगीचों में भी आसानी से उगाया जा सकता है. राजस्थान सरकार ने औषधीय पौधों को बढ़ावा देने के अभियान में गिंको बिलोबा को भी शामिल किया है. यह पौधा कम पानी में भी विकसित हो जाता है, जिससे यह शुष्क प्रदेश राजस्थान में हरियाली बढ़ाने और मरुस्थलीकरण रोकने में मदद करेगा.

आयुर्वेदिक चिकित्सक डॉ. नरेंद्र कुमार बताते हैं कि गिंको बिलोबा दैनिक जीवनशैली से जुड़ी कई बीमारियों के लिए लाभकारी है. तनाव, कोलेस्ट्रॉल, अवसाद, ब्लड प्रेशर, नींद की समस्या, थकान और जोड़ों के दर्द में इसका सेवन उपयोगी माना गया है. यह शरीर को अंदर से संतुलित करने में सहायता करता है.

इस पौधे की पत्तियां रामबाण औषधि मानी जाती है. इनमें प्राकृतिक एंटी-डिप्रेसेंट तत्व पाए जाते हैं. इसमें मौजूद फ्लेवोनॉयड्स और टेरपेनॉइड्स रक्त प्रवाह को बढ़ाते हैं, जिससे मस्तिष्क और तंत्रिका तंत्र को पोषण मिलता है. इससे स्मरण शक्ति, ध्यान केंद्रण और मानसिक सतर्कता में वृद्धि होती है.

यह पौधा हृदय रोगों के खतरे को कम करने में भी सहायक है. इसके अलावा इसमें मौजूद एंटी-एजिंग गुण त्वचा रोगों के उपचार में मददगार है. नियमित उपयोग से त्वचा में जवांपन बना रहता है और झुर्रियां कम होती है. यही कारण है कि इससे कई आयुर्वेदिक सौंदर्य उत्पाद भी बनाए जा रहे हैं.

गिंको बिलोबा पौधे की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह अत्यधिक गर्मी, प्रदूषण और विकिरण को भी सहन कर सकता है. इसकी यह क्षमता इसे पर्यावरणीय दृष्टि से अत्यंत उपयोगी बनाती है. यह पौधा न केवल स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी अहम भूमिका निभाता है.