नरसिंहपुर में सींगरी नदी पर बना पुराना पुल जल्द ही तोड़ा जाएगा। यह पुल पुराने नरसिंहपुर को कंदेली-स्टेशनगंज से जोड़ता है। अब इसकी जगह लगभग 7 करोड़ 39 लाख की लागत से नया पुल बनाया जाना है, जिसके लिए पुराने पुल को हटाने का काम शुरू हो रहा है। पुल टूटने से सात वार्डों (नेहरू, शंकर, महाजनी, निरंजन, संजय, किसानी और नरसिंह वार्ड) की करीब 15 हजार आबादी प्रभावित होगी। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुल तोड़ने से पहले आवाजाही के लिए सही वैकल्पिक रास्ते तैयार किए जाने चाहिए। वैकल्पिक रास्तों की स्थिति खराब प्रशासन ने शहर से जुड़ने के लिए दो रास्तों का सुझाव दिया है, लेकिन उनकी हालत ठीक नहीं है- पहला रास्ता नृसिंह मंदिर रोड से कचहरी मार्ग तक जाता है। यह बहुत घनी आबादी वाला इलाका है और कहीं-कहीं तो रास्ता सिर्फ 7 से 8 फीट चौड़ा है। यहाँ से एंबुलेंस या स्कूल बस का निकलना बहुत मुश्किल है। दूसरा रास्ता गुलाब चौराहा से कर्बला रोड वाला मार्ग भी संकरा और ऊबड़-खाबड़ है। बारिश में बढ़ सकती है मुसीबत लोगों को डर है कि अगर बारिश शुरू होने तक काम पूरा नहीं हुआ, तो वैकल्पिक मार्गों पर बने रपटे डूब सकते हैं। इससे नदी के उस पार रहने वाले लोगों का संपर्क शहर से पूरी तरह कट सकता है। दूरी और समय की मार पुल टूटने के बाद अस्पताल जाने के लिए जो रास्ता अभी 500-700 मीटर है, वह बढ़कर 4 किलोमीटर तक हो जाएगा। बड़े वाहनों को तो 10-12 किलोमीटर का चक्कर काटकर हाईवे से आना-जाना पड़ेगा। इससे बाजार, रेलवे स्टेशन, कलेक्ट्रेट और बैंकों तक पहुँचने में लोगों को काफी समय और मशक्कत लगेगी। .