थाईलैंड-कंबोडिया शांति के लिए तैयार, ट्रंप ने फिर रुकवा दिया युद्ध, लड़ाई से टेंशन में आ गया था भारत

Last Updated:

Thailand Cambodia Ceasefire: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मध्यस्थता के बाद थाईलैंड और कंबोडिया फिर सीजफायर पर सहमत हो गए हैं. हालिया सीमा संघर्ष में दर्जनों लोग मारे गए और हजारों लोग विस्थापित हुए. भारत ने प्रीह विहार मंदिर को नुकसान पर चिंता जताते हुए दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है.

ख़बरें फटाफट

थाईलैंड और कंबोडिया में फिर सीजफायर हुआ.

Thailand Cambodia Ceasefire: थाईलैंड और कंबोडिया के बीच भड़के सीमा संघर्ष पर आखिरकार विराम लगता दिख रहा है. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि दोनों देश एक बार फिर सीजफायर पर सहमत हो गए हैं. बीते कुछ दिनों में दोनों देशों के बीच रॉकेट और तोपों से हमले हुए थे, जिनमें दर्जनों लोगों की जान चली गई और हजारों नागरिकों को घर छोड़ना पड़ा. हालात ऐसे बन गए थे कि एक बड़ा युद्ध छिड़ने की आशंका जताई जा रही थी. शुक्रवार को भी कंबोडियाई सैनिकों ने प्रेह विहार प्रांत के नागरिक क्षेत्रों से थाईलैंड के हिल 677 की ओर बीएम-21 मल्टीपल रॉकेट लॉन्चर दागे. इस बार लड़ाई एक बम धमाके में आम लोगों की मौत और घायल होने के बाद शुरू हुई. ट्रंप ने इसे एक हादसा बताया.

थाईलैंड-कंबोडिया में अब कब होगी शांति?

डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर कहा कि थाईलैंड और कंबोडिया ने शुक्रवार शाम से सभी तरह की गोलीबारी रोकने पर सहमति जताई है और वे उसी शांति समझौते पर लौट रहे हैं, जो पहले ट्रंप और मलेशिया की मध्यस्थता से हुआ था. ट्रंप ने कहा कि उन्होंने इस मामले पर थाई प्रधानमंत्री अनुतिन चार्नवीराकुल और कंबोडिया के प्रधानमंत्री हुन मानेत से सीधे बातचीत की. ट्रंप ने सीमा झड़पों को दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि उन्हें गर्व है कि उनकी कोशिशों से एक संभावित बड़े युद्ध को टाल दिया गया.

उन्होंने मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम का भी धन्यवाद किया, जिन्होंने पहले भी दोनों देशों के बीच मध्यस्थता की थी. इससे पहले जुलाई में भी संघर्ष के बाद सीजफायर हुआ था, जिसे अक्टूबर में मलेशिया में औपचारिक रूप दिया गया था.

थाईलैंड-कंबोडिया की लड़ाई से भारत क्यों टेंशन में?

थाईलैंड और कंबोडिया के बीच जारी सीमा संघर्ष के दौरान विश्व धरोहर स्थल प्रीह विहार के संरक्षण केंद्र को हुए नुकसान की खबरों पर भारत ने चिंता जताई है. विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि क्षेत्र की सांस्कृतिक धरोहर को होने वाली किसी भी प्रकार की क्षति ‘दुर्भाग्यपूर्ण’ और ‘चिंता का विषय’ है. भारत ने दोनों देशों से संयम बरतने, संघर्ष विराम के लिए कदम उठाने और स्थल को सुरक्षित रखने की अपील की है. मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, ‘प्रीह विहार में संरक्षण सुविधाओं को हुए नुकसान की रिपोर्ट देखी है. ऐसा कोई भी नुकसान दुखद और चिंता का कारण है. यह यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल मानवता की साझा सांस्कृतिक विरासत है और भारत इसके संरक्षण में निकटता से जुड़ा हुआ है.’

प्रवक्ता ने कहा, ‘हम आशा करते हैं कि मंदिर परिसर और संबंधित संरक्षण केंद्रों की पूरी तरह सुरक्षा के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे. हम दोनों पक्षों से संयम बरतने, तनाव बढ़ने से रोकने और संवाद एवं शांति के मार्ग पर लौटने की अपील करते हैं.’

About the Author

Yogendra Mishra

योगेंद्र मिश्र ने इलाहाबाद यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म में ग्रेजुएशन किया है. 2017 से वह मीडिया में जुड़े हुए हैं. न्यूज नेशन, टीवी 9 भारतवर्ष और नवभारत टाइम्स में अपनी सेवाएं देने के बाद अब News18 हिंदी के इंटरने…और पढ़ें

homeworld

थाईलैंड-कंबोडिया शांति के लिए तैयार, ट्रंप ने फिर रुकवा दिया युद्ध, समझें

.

Share me..

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *