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Water chestnut Benefits: सिंघाड़े में ऐसे कई पोषक तत्व मौजूद होते हैं जो एक साथ कई बीमारियों को दूर कर शरीर को स्वस्थ बनाए रखता है. अगर आपको अक्सर शरीर में कमजोरी महसूस होती है तो आप अपनी डाइट में सिंघारा जरूर एड करें. इससे आपकी इम्यूनिटी बढ़ेगी और आप जल्दी बीमार भी नहीं पड़ेंगे. (रिपोर्ट: वंदना रेवांचल तिवारी)
अगर आप शरीर में कमजोरी महसूस करते हैं, तो सिंघाड़े को अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं. सिंघाड़ा को कई तरह से डाइट में शामिल किया जा सकता है. आयुर्वेद भी यह मनता है कि सिंघाड़े में ऐसे कई पोषक तत्व मौजूद होते हैं जो एक साथ कई बीमारियों को दूर कर शरीर को स्वस्थ बनाए रखता है.

रीवा आयुर्वेद हॉस्पिटल के डीन डाॅक्टर दीपक कुलश्रेष्ठ कहते हैं कि सर्दियों के मौसम में आने वाला सिंघाड़ा एक ऐसा फल है, जिसे ज्यादातर लोग खाना पसंद करते हैं. सिंघाड़े को डाइट में कई तरह से शामिल किया जा सकता है जैसे, कच्चा सिंघाड़ा, उबला, आटे के रूप में आदि. दरअसल, सिंघाड़े को आयुर्वेद में बहुत ही फायदेमंद माना जाता है.

सिंघाड़े में विटामिन-ए, सी, मैंगनीज, थायमाइन, कर्बोहाईड्रेट, टैनिन, सिट्रिक एसिड, रीबोफ्लेविन, एमिलोज, फास्फोराइलेज, एमिलोपैक्तीं, बीटा-एमिलेज, प्रोटीन, फैट और निकोटेनिक एसिड जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं. जो शरीर को कई फायदे पहुंचाने में मदद कर सकते हैं. अगर आप शरीर में कमजोरी महसूस करते हैं, तो सिंघाड़े को अपनी डाइट में जरूर शामिल करें.

शरीर की कमजोरी को दूर करने में मददगार है सिंघाड़े. क्योंकि इसमें कार्बोहाइड्रेट, आयरन, कैल्शियम, जिंक और फॉस्फोरस जैसे तत्व पाए जाते हैं, जो एनर्जी के लेवल को बढ़ाने में मदद कर सकते हैं.

अगर आप थायरॉयड के मरीज हैं तो आपके लिए सिंघाड़े का सेवन वरदान से कम नहीं है. क्योंकि सिंघाड़े में मौजूद आयोडीन, मैग्नीज जैसे मिनरल्स थायरॉइड की रोकथाम में अहम भूमिका निभा सकते हैं.

सिंघाड़े में फाइबर अच्छी मात्रा में पाया जाता है, जिससे पाचन में लंबा समय लगता है और पेट काफी समय तक भरा रहता है. इसलिए हम अधिक खाने से बच सकते हैं और वजन को कंट्रोल कर सकते हैं.

अगर आपको पाचन संबंधी समस्या है तो आपके लिए सिंघाड़े का सेवन फायदेमंद हो सकता है. इसमें मौजूद गुण मल त्याग को आसान बनाने में मदद कर सकते हैं.

अगर सिंघाड़े का सेवन अधिक मात्रा में किया जाए तो एलर्जी भी हो सकती है. इसलिए इसका सेवन अपने पाचन क्षमता पर ही करना चाहिए लेकिन सिंघाड़े के सेवन से ज्यादा नुकसान नहीं होता है.