बुखार आने पर चावल खाने चाहिए या नहीं? डाइटिशियन से जानें काम की बात, फीवर से जल्द होंगे रिकवर

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Rice During Fever Good or Bad: फीवर आने पर लोगों को हल्का खाना खाने की सलाह दी जाती है. ऐसे में कई लोग चावल बना लेते हैं, जबकि कुछ लोग बुखार में चावल खाने से परहेज करते हैं. डाइटिशियन के अनुसार बुखार में चावल खाने से कोई नुकसान नहीं है, लेकिन ज्यादा मसालेदार चीजें नहीं डालनी चाहिए. बुखार में उबले हुए चावल आपको एनर्जी देते हैं.

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बुखार में उबले हुए चावल खा सकते हैं, लेकिन मसालेदार चावल न खाएं.

What to Eat and Avoid During Fever: बुखार आने पर शरीर कमजोर हो जाता है और लोगों को भूख नहीं लगती है. ऐसे में डॉक्टर हल्का खाना खाने की सलाह देते हैं. अधिकतर लोग बुखार में खिचड़ी और दलिया खाना पसंद करते हैं. बुखार में लोगों का सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि क्या खाया जाए और क्या नहीं? अक्सर लोग इसे लेकर बहस करते हैं कि बुखार में चावल खाने चाहिए या नहीं. कुछ लोग मानते हैं कि चावल खाने से सर्दी-जुकाम बढ़ता है, तो कुछ इसे हल्का और आसानी से पचने वाला भोजन कहते हैं. ऐसे में डाइटिशियन की राय जानना बेहद जरूरी हो जाता है, ताकि फीवर से जल्दी रिकवरी हो सके.

नई दिल्ली के PSRI हॉस्पिटल की सीनियर डाइटिशियन पूनम दुनेजा के मुताबिक बुखार के दौरान शरीर का पाचन तंत्र धीमा हो जाता है. इस समय ऐसे खाने की जरूरत होती है, जो हल्का, आसानी से पचने वाला और एनर्जी देने वाला हो. सादा उबले हुए चावल इस कसौटी पर काफी हद तक खरे उतरते हैं. इनमें फैट बहुत कम होता है और उबले चावल पेट पर भारी नहीं पड़ते हैं. इसके अलावा चावल खाने से शरीर को तुरंत एनर्जी मिलती है, जो बुखार के समय बेहद जरूरी होती है. हालांकि यह समझना जरूरी है कि चावल किस रूप में खाए जा रहे हैं.

एक्सपर्ट के अनुसार अगर आप तले हुए चावल, मसालेदार पुलाव या बिरयानी खाते हैं, तो यह बुखार में नुकसानदायक हो सकता है. अगर सादा चावल दाल, दही या हल्की सब्जी के साथ खाएंगे, तो रिकवरी में भी मदद मिलती है. खासतौर पर मूंग दाल के साथ चावल का कॉम्बिनेशन शरीर को प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट दोनों देता है. बुखार के दौरान शरीर में पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स की कमी हो जाती है. चावल पानी के साथ पकते हैं और शरीर का हाइड्रेशन बेहतर बनाए रखते हैं.

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डाइटिशियन ने बताया कि हर व्यक्ति का शरीर अलग होता है. अगर किसी को बुखार के साथ डायरिया, पेट में गैस या एसिडिटी की समस्या है, तो चावल सीमित मात्रा में ही खाने चाहिए. वायरल फीवर या सामान्य बुखार में सादा चावल नुकसान नहीं करते हैं. अगर चावल खाने के बाद भारीपन या परेशानी हो, तो थोड़े समय के लिए इससे परहेज करें. बुखार में जल्दी रिकवरी के लिए सिर्फ चावल पर निर्भर रहना सही नहीं है. सादा चावल, दाल, उबली सब्जियां, दही, फल और पर्याप्त पानी शरीर को दोबारा ताकत देता है. सही भोजन, पर्याप्त आराम और डॉक्टर की सलाह से बुखार से जल्दी उबरा जा सकता है.

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अमित उपाध्याय

अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें

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बुखार आने पर चावल खाने चाहिए या नहीं? डाइटिशियन से जानें सच, जल्द होंगे रिकवर

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