Sawan Pradosh: सावन के अंतिम प्रदोष पर शिववास, इन 4 में से कोई एक फूल चढ़ा दिया तो बहुत प्रसन्न होंगे महादेव

Last Updated:

Sawan Pradosh Vrat: 6 अगस्त को सावन महीने का अंतिम प्रदोष व्रत है. इस दिन विशेष योग भी लग रहा है, इसमें पूजा से विशेष फल मिलेगा. उज्जैन के आचार्य से जानें…

हाइलाइट्स

  • 6 अगस्त को सावन का अंतिम प्रदोष व्रत है
  • शिववास योग में पूजा से विशेष फल मिलेगा
  • भगवान शिव को प्रिय पुष्प चढ़ाने से मनोकामनाएं पूरी होंगी
Budh Pradosh Vrat 2025: हिन्दू धर्म में प्रदोष व्रत का विशेष महत्व है. हर माह में 2 बार प्रदोष व्रत रखा जाता है, एक शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर और दूसरा कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि पर. प्रदोष व्रत को भगवान शिव और मां पार्वती को समर्पित माना गया है. इस दिन शाम को भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा की जाती है. मान्यता है कि व्रत रख प्रदोष काल में पूजन करने से जीवन में सभी सुख प्राप्त होते हैं. साथ ही, इस दिन कुछ विशेष उपाय करने से कई समस्याओं से छुटकारा मिलता है.

उज्जैन के आचार्य आनंद भारद्वाज के अनुसार, इस बार जो प्रदोष व्रत 6 अगस्त को आ रहा है, वह सावन माह का अंतिम प्रदोष व्रत है. इस दिन शिववास योग का संयोग बन रहा है, जो भगवान शिव की कृपा पाने के लिए विशेष महत्व रखता है. अगर कोई व्यक्ति सावन सोमवार पर भगवान का पूजन और अभिषेक नहीं कर पाया हो तो सावन के अंतिम प्रदोष व्रत पर भगवान को प्रिय पुष्प अर्पित करना चाहिए. इससे पूरे सावन मास का फल मिलता है और शिव शंकर प्रसन्न होकर सभी मनोकामनाएं पूरी करते हैं.
भगवान को प्रिय पुष्प जरूर चढ़ाएं

कनेर का फूल: भगवान शिव की विशेष कृपा पाने के लिए सावन के अंतिम प्रदोष दिन भगवान भोलेनाथ को कनेर का फूल चढ़ाना चाहिए. शिव को यह फूल चढ़ाने से वे काफी प्रसन्न होते हैं. यह फूल सफेद और लाल रंग में भी मिलता है और इसे शुभ माना जाता है.

शमी का फूल: भगवान शिव को वैसे तो बहुत सारे फूल प्रिय हैं, लेकिन प्रदोष के दिन भोलेनाथ को शमी का फूल अति प्रिय है. इस फूल को काफी शुभ माना जाता है. वेद-पुराणों में भी शमी के पेड़ और फूलों का जिक्र है. सावन के अंतिम प्रदोष दिन पर शमी फूल अर्पित करने से आपकी सभी मनोकामनाएं पूरी होंगी.

आक का फूल: भगवान शिव की विशेष कृपा पाने के लिए सावन के अंतिम प्रदोष के दिन भोलेनाथ को आक का फूल चढ़ाना चाहिए. प्रदोष के दिन भगवान शिव को आक का फूल चढ़ाना काफी शुभ माना जाता है, जो महादेव को काफी पसंद है. इसे शिवलिंग पर अर्पित करने से इच्छाएं पूरी होती हैं और भगवान शिव की कृपा प्राप्त होती है.

धतूरे का फूल: सावन के अंतिम प्रदोष दिन भगवान शिव को धतूरे का फूल विशेष रूप से अर्पित किया जाता है क्योंकि यह फूल उन्हें बहुत प्रिय है. साथ ही इसका फल भी शिवलिंग पर चढ़ाया जाता है. इस फूल को चढ़ाने से व्यक्ति के पाप कट जाते हैं और पुण्य की प्राप्ति होती है.

homedharm

सावन के अंतिम प्रदोष पर शिववास, 4 में से कोई एक फूल चढ़ा दिया तो महादेव…

Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्य और आचार्यों से बात करके लिखी गई है. किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि महज संयोग है. ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है. बताई गई किसी भी बात का Local-18 व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है.

.

Source link

Share me..

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *