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भोपाल में किन्नर समुदाय के बीच किन्नर जिहाद का विवाद उभरा है. हिंदू किन्नरों ने आरोप लगाया कि मुस्लिम गुट उन्हें जबरन इस्लाम अपनाने का दबाव डाल रहा है, कलमा पढ़ाने और मांस खिलाने की धमकियां दे रहा है. किन्नर अखाड़ा के संस्थापक ऋषि अजय दास ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर शिकायत की. दूसरा गुट सुरैया ने इसे इलाकाई लड़ाई बताया और आरोपों को निराधार कहा. पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने लव जिहाद कानून की नाकामी पर सवाल उठाए. पुलिस जांच कर रही है. जातिगत जनगणना पर भी बोले कि इससे समाज की सच्ची तस्वीर उभरेगी.
भोपाल में किन्नरों के दो गुटों के बीच घमासान मचा हुआ है.
भोपाल. मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में किन्नर समुदाय के दो गुटों के बीच एक नया विवाद सामने आया है. एक गुट ने इसे किन्नर जिहाद का नाम दिया है. इस मामले में हिंदू किन्नरों का एक गुट भोपाल कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन कर रहा है और आरोप लगा रहा है कि मुस्लिम किन्नर गुट उन्हें जबरन इस्लाम अपनाने का दबाव डाल रहा है.इस गुट में किन्नर अखाड़ा के संस्थापक ऋषि अजय दास के नेतृत्व में सैकड़ों किन्नरों ने कलेक्ट्रेट घेराव किया और शिकायत दर्ज कराई कि उन्हें कलमा पढ़ने, नमाज अदा करने और गौमांस खिलाने की धमकियां दी जा रही हैं. प्रदर्शनकारियों का कहना है कि मुस्लिम डेरों में हिंदू किन्नरों को टारगेट किया जा रहा है और मौत के बाद मुस्लिम रीति से दफनाने की साजिश रची जा रही है. यह मामला लव जिहाद की तर्ज पर किन्नर समाज में धार्मिक रूपांतरण का मुद्दा बना रहा है. भोपाल पुलिस ने शिकायत पर जांच शुरू कर दी है लेकिन दोनों पक्षों के बयान अलग-अलग हैं.
पूर्व मंत्री पीसी शर्मा ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि किन्नर की कोई जाति नहीं होती और मध्य प्रदेश में यह अजब स्थिति है. उन्होंने भाजपा सरकार पर तंज कसा कि लव जिहाद पर कानून बना लिया लेकिन ऐसे मामले आ रहे हैं तो कानून का राज कहां है? शर्मा ने जातिगत जनगणना पर भी जोर दिया कि पहले भी जनगणना में जाति दर्ज होती थी और नई गणना से समाजों की सच्ची संख्या पता चलेगी जिससे SC-ST सीटें बढ़ सकती हैं. यह विवाद किन्नर समाज की आंतरिक राजनीति और वर्चस्व की लड़ाई को भी उजागर करता है जहां धार्मिक रंग देकर फायदे उठाने की कोशिश हो रही है. इस घटना ने भोपाल में सामाजिक तनाव बढ़ा दिया है.
दूसरे गुट ने आरोपों को किया सिरे से खारिज
दूसरी तरफ सुरैया किन्नर गुट ने आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया और कहा कि यह इलाकाई और गद्दी की लड़ाई है. सुरैया ने ऋषि अजय दास पर पैसे ऐंठने और नशे का आदी होने का आरोप लगाया जबकि काजल ठाकुर पर कई आपराधिक मामले दर्ज होने का जिक्र किया. उन्होंने कहा कि किन्नर समाज में कोई जाति-धर्म नहीं होता और सभी से मांग कर जीवन चलाते हैं. पाकिस्तान से फंडिंग या आतंकवाद के आरोपों पर सबूत मांगे गए हैं. पुलिस में काउंटर शिकायत दर्ज कराई गई है. किन्नर समाज भारत में सदियों से है लेकिन हालिया वर्षों में धार्मिक ध्रुवीकरण ने इसे प्रभावित किया है. किन्नर समाज में गुटबाजी पुरानी समस्या है. ऋषि अजय दास ने 2016 में किन्नर अखाड़ा स्थापित किया ताकि हिंदू किन्नरों की पहचान मजबूत हो. आरोप है कि मुस्लिम डेरों में रूपांतरण की घटनाएं बढ़ रही हैं.
संविधान में अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और जीवन का अधिकार
ट्रांसजेंडर अधिकार भारत में एक महत्वपूर्ण और विकसित हो रहा विषय है. भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14, 15, 19 और 21 के तहत ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को समानता, सम्मान, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और जीवन का अधिकार मिलता है. सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले NALSA vs Union of India (2014) ने ट्रांसजेंडर को तीसरे लिंग के रूप में मान्यता दी और स्व-पहचान (self-identified gender) का अधिकार दिया. इस फैसले ने सरकार को ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए आरक्षण, शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार में समावेशन के निर्देश दिए.
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सुमित वर्मा, News18 में 4 सालों से एसोसिएट एडीटर पद पर कार्यरत हैं. बीते 3 दशकों से सक्रिय पत्रकारिता में अपनी अलग पहचान रखते हैं. देश के नामचीन मीडिया संस्थानों में सजग जिम्मेदार पदों पर काम करने का अनुभव. प…और पढ़ें
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