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Health Card Camp: एमपी के इंदौर के भागीरथपुरा में स्वास्थ्य मामलों को देखते हुए प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है. क्षेत्र में हेल्थ कार्ड बनाने और घर-घर जांच के लिए 51 टीमों का गठन किया गया है. ये टीमें जांच करने के साथ-साथ जरूरत पड़ने पर मरीजों को अस्पताल भेजेंगी.
Health Card Camp: इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में लगातार सामने आ रहे स्वास्थ्य मामलों को देखते हुए प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग सतर्क हो गया है. क्षेत्र में लोगों की सेहत पर निगरानी रखने और समय पर इलाज सुनिश्चित करने के उद्देश्य से आज से विशेष अभियान की शुरुआत की जा रही है. इसके तहत भागीरथपुरा के रहवासियों के हेल्थ कार्ड बनाए जाएंगे, जिससे हर एक व्यक्ति के स्वास्थ्य से जुड़ा रिकॉर्ड तैयार किया जा सके. स्वास्थ्य विभाग द्वारा इस अभियान के लिए कुल 51 टीमों का गठन किया गया है. ये टीमें घर-घर जाकर लोगों की स्वास्थ्य जांच करेंगी. जांच के दौरान बुखार, उल्टी-दस्त, डिहाइड्रेशन सहित अन्य लक्षणों की जांच की जाएगी, ताकि किसी भी गंभीर स्थिति को समय रहते पहचाना जा सके. इसके साथ ही जरूरत पड़ने पर मरीजों को तत्काल अस्पताल भेजने की व्यवस्था भी की गई है.
भागीरथपुरा में 21वीं मौत
इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में परिजनों ने दावा किया है कि सुनीता वर्मा की मौत दूषित पानी पीने के कारण हुई. सुनीता 7 जनवरी को तबीयत खराब होने पर इलाके के हेल्थ सेंटर पहुंचीं, फिर गंभीर हालत में उन्हें एमवाय अस्पताल रैफर किया गया. एमवाय अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी कल मौत हो गई. परिजनों के अनुसार यह भागीरथपुरा में 21वीं मौत है. हालांकि, प्रशासन ने इस बात की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है.
पानी के सैंपल की जांच
इसी बीच एमवाय अस्पताल से एक और दुखद खबर सामने आई है. भागीरथपुरा निवासी सुनीता वर्मा, जो पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में भर्ती थीं, की इलाज के दौरान मौत हो गई. बताया जा रहा है कि सुनीता की तबीयत दूषित पानी पीने के कारण बिगड़ी थी, हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने अभी तक इस बात की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है. इस मामले की जांच की जा रही है और पानी के सैंपल भी लिए गए हैं, ताकि बीमारी की असली वजह सामने आ सके.
प्रशासन की लोगों से अपील
वर्तमान स्थिति की बात करें तो शहर के अलग-अलग अस्पतालों में कुल 41 मरीज अभी भी भर्ती हैं. इनमें से 12 मरीजों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिनका इलाज आईसीयू में चल रहा है. डॉक्टरों की टीम लगातार मरीजों की निगरानी कर रही है और सभी जरूरी मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे उबला या फिल्टर किया हुआ पानी ही पीएं और किसी भी तरह के लक्षण दिखने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या अस्पताल से संपर्क करें. साथ ही क्षेत्र में साफ-सफाई और पेयजल व्यवस्था को दुरुस्त करने के निर्देश भी संबंधित विभागों को दिए गए हैं, ताकि भविष्य में इस तरह की स्थिति से बचा जा सके.
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Deepti Sharma, currently working with News18MPCG (Digital), has been creating, curating and publishing impactful stories in Digital Journalism for more than 6 years. Before Joining News18 she has worked with Re…और पढ़ें
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