Last Updated:
मीठा और परफेक्ट सीताफल पहचानना आसान है. हल्का मुलायम, हरा-पीला रंग, खुली दरारें, डंठल का नरम हिस्सा, हाथ में भारी वजन और हल्की मीठी खुशबू ये सभी संकेत बताते हैं कि फल पूरी तरह पका और स्वाद से भरपूर है. अगली बार खरीदते समय इन टिप्स को ज़रूर याद रखें.
सीताफल सर्दियों में खूब मिलता है. लेकिन कई बार मीठा न होने पर मज़ा खराब हो जाता है. सही फल चुनना मुश्किल नहीं है. बस कुछ छोटी-छोटी बातों पर ध्यान दें, ताकि हर बार घर लाया फल मीठा और स्वादिष्ट निकले.

अच्छा सीताफल पकड़ने पर थोड़ा मुलायम महसूस होता है. अगर दबाते ही उंगली ज्यादा धंस जाएं तो समझें कि फल ज़रूरत से ज्यादा पका है. वहीं, बहुत सख्त फल कच्चा होता है, जिसका स्वाद फीका पड़ सकता है.

मीठा सीताफल आमतौर पर हल्के हरे से पीलेपन की ओर होता है. इस रंग का मतलब है कि फल सही तरह से पका हुआ है. बहुत गहरा हरा रंग दिखे तो समझें कि पकने में अभी समय लगेगा और उसका स्वाद कम मीठा होगा.
Add News18 as
Preferred Source on Google

सीताफल की सतह पर दिखने वाली छोटी दरारें या खांचे जितने खुले हों, फल उतना पका माना जाता है. हल्के खुले खांचे बताते हैं कि फल खाने लायक है और उसके अंदर मिठास अच्छी मिलेगी.

अक्सर डंठल की जगह देखकर भी पता चल जाता है कि फल कैसा है. अगर यह हिस्सा थोड़ा नरम और हल्का खुला लगे तो फल पका होता है. बहुत सूखा या कड़ा हिस्सा फल के कच्चे होने की ओर संकेत करता है.

सीताफल हाथ में उठाते ही अगर भारी लगे तो समझें कि इसमें गूदा अच्छा है और मिठास भी मिलेगी. हल्का महसूस होने वाले फल में गूदा कम और स्वाद हल्का होने की संभावना रहती है.

पका हुआ सीताफल हल्की मिठास भरी सुगंध देता है. अगर फल के पास जाते ही मीठी खुशबू आए तो समझ लें कि यह खाने के लिए बिल्कुल तैयार है. बिना किसी खुशबू वाला फल अक्सर कच्चा या फीका निकलता है.
.