Last Updated:
डॉ. राजकुमार के अनुसार, आयुर्वेद और पारंपरिक भारतीय खानपान में फूलों का सदियों से इस्तेमाल होता रहा है, जो शरीर और मन दोनों को लाभ पहुंचाते हैं. खाने योग्य फूलों में गुलाब का फूल सबसे ज्यादा प्रयोग किया जाता है. यह न केवल शरीर को ठंडक प्रदान करता है, बल्कि गर्मी से जुड़ी समस्याओं से राहत देने और पाचन तंत्र को मजबूत करने में भी मदद करता है.
क्या आपने कभी सोचा है कि फूल केवल सजावट या पूजा के लिए ही नहीं, बल्कि खाने के लिए भी इस्तेमाल किए जा सकते हैं? आजकल खाने योग्य फूल स्वास्थ्य के प्रति जागरूक लोगों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो रहे हैं. ये रंग-बिरंगी पंखुड़ियां न केवल देखने में खूबसूरत होती हैं, बल्कि पोषण से भी भरपूर होती हैं. डॉ. राजकुमार के अनुसार, आयुर्वेद और पारंपरिक भारतीय खानपान में फूलों का सदियों से इस्तेमाल होता रहा है, जो शरीर और मन दोनों को लाभ पहुंचाते हैं.

गुलाब का फूल खाने योग्य फूलों में सबसे अधिक इस्तेमाल किया जाता है. यह शरीर को ठंडक पहुंचाने में मदद करता है और गर्मी से जुड़ी समस्याओं को कम करने में सहायक होता है. गुलाब के फूल पाचन तंत्र को मजबूत करते हैं और कब्ज जैसी परेशानियों को दूर करने में फायदेमंद माने जाते हैं. इसे गुलकंद, गुलाब शरबत या चाय के रूप में भी सेवन किया जाता है. इसके एंटीऑक्सीडेंट गुण त्वचा को निखारने और स्वस्थ बनाए रखने में भी मदद करते हैं.

गुड़हल का फूल बालों और त्वचा के लिए बेहद लाभकारी माना जाता है. इसमें मौजूद पोषक तत्व बालों की जड़ों को मजबूत करते हैं और बाल झड़ने की समस्या को कम करने में मदद करते हैं. गुड़हल के फूल का सेवन या इसका उपयोग त्वचा की चमक बढ़ाने में सहायक होता है. इसके अलावा, यह ब्लड प्रेशर नियंत्रित करने और हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में भी मदद करता है, इसलिए इसे औषधीय फूलों में गिना जाता है.
Add News18 as
Preferred Source on Google

चमेली का फूल सिर्फ अपनी खुशबू के लिए ही नहीं, बल्कि मानसिक स्वास्थ्य के लिए भी बेहद लाभकारी होता है. इसकी खुशबू तनाव कम करने और मन को शांत करने में मदद करती है. चमेली के फूल की चाय या अर्क मूड सुधारने में सहायक माना जाता है और यह नींद की गुणवत्ता को बेहतर बनाने में भी मदद करता है. आयुर्वेद में इसे चिंता और बेचैनी को कम करने वाला प्राकृतिक उपाय माना गया है.

केले का फूल भारतीय रसोई में एक खास स्थान रखता है. यह आयरन से भरपूर होता है और एनीमिया से पीड़ित लोगों के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है. केले का फूल पाचन तंत्र को मजबूत करता है और शरीर से विषैले तत्वों को बाहर निकालने में मदद करता है. दक्षिण भारत में इसे सब्जी और करी के रूप में इस्तेमाल किया जाता है. नियमित सेवन से कमजोरी और थकान कम करने में भी मदद मिलती है.

कद्दू का फूल भी खाने योग्य होता है और सेहत के लिए बेहद लाभकारी माना जाता है. इसमें मौजूद विटामिन और मिनरल्स शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करते हैं. कद्दू के फूल हल्के और आसानी से पचने वाले होते हैं, इसलिए इन्हें डाइट में शामिल किया जा सकता है. इसके पकौड़े और सब्जी स्वाद के साथ सेहत का भी ख्याल रखते हैं. यह फूल शरीर को अंदर से मजबूत बनाता है.

गेंदा का फूल आंखों की रोशनी के लिए फायदेमंद माना जाता है. इसमें मौजूद ल्यूटिन और एंटीऑक्सीडेंट आंखों को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं. गेंदा सूजन कम करने और त्वचा से जुड़ी समस्याओं में भी लाभकारी होता है. कुछ जगहों पर इसे चाय या सलाद में भी इस्तेमाल किया जाता है. यह शरीर में इन्फ्लेमेशन कम करने में भी सहायक माना जाता है.
.