Chicken Vs Mutton: डायबिटीज के मरीजों के लिए बेहतर मीट कौन सा है चिकन या मटन? यहां जानें!

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Chicken Vs Mutton: डायबिटीज वाले लोगों को अपनी डाइट का खास ख्याल रखना चाहिए, क्योंकि गलत खाने की आदत से ब्लड शुगर लेवल अचानक बढ़ सकता है, जिससे कई लोग नॉन-वेज खाते हैं, खासकर चिकन और मटन के बीच के अंतर को लेकर कन्फ्यूज रहते हैं. इनमें से कौन सा ज़्यादा सुरक्षित है?

Chicken Vs Mutton: डायबिटीज आजकल सबसे आम हेल्थ प्रॉब्लम में से एक बन गई है. डायबिटीज वाले लोगों को अपनी डाइट का खास ख्याल रखना चाहिए, क्योंकि गलत खाने की आदतों से ब्लड शुगर लेवल अचानक बढ़ सकता है, जिससे समय के साथ दिल, किडनी और नर्व से जुड़ी बीमारियां हो सकती हैं.

डाइट इतनी ज़रूरी क्यों है? हालांकि डायबिटीज को पूरी तरह से ठीक नहीं किया जा सकता, लेकिन सही लाइफस्टाइल और खाने-पीने के तरीके से इसे कंट्रोल किया जा सकता है. शरीर में ब्लड शुगर लेवल बढ़ जाता है. इसलिए, अपनी डाइट के बारे में जानकारी होना बहुत ज़रूरी है. डायबिटीज के लिए कार्बोहाइड्रेट, फैट और शुगर को मैनेज करना ज़रूरी है – लेकिन प्रोटीन का चुनाव भी ज़रूरी है. बहुत से लोग नॉन-वेज खाने, खासकर चिकन और मटन के बीच के अंतर को लेकर कन्फ्यूज रहते हैं. इनमें से कौन सा ज़्यादा सुरक्षित है?

मटन रेड मीट है. इसमें आयरन, जिंक और विटामिन B12 ज़्यादा होता है, लेकिन इसमें सैचुरेटेड फैट भी ज़्यादा होता है. ज़्यादा मात्रा में रेड मीट खाने से इंसुलिन रेजिस्टेंस बढ़ सकता है और टाइप 2 डायबिटीज और दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है. डायबिटीज वालों के लिए रेड मीट खाने में संयम बरतना ज़रूरी है.

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चिकन को आमतौर पर डायबिटीज वालों के लिए सुरक्षित माना जाता है. इसमें प्रोटीन ज़्यादा और फैट कम होता है, और इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स भी बहुत कम होता है – जिसका मतलब है कि यह ब्लड शुगर लेवल में अचानक बढ़ोतरी नहीं करता. डॉक्टर कहते हैं कि डायबिटीज के मरीज़ बिना किसी डर के अपनी डाइट में चिकन शामिल कर सकते हैं.

चिकन को कैसे पकाया जाता है, यह भी ज़रूरी है. डीप-फ्राई किए हुए या तेल, घी, क्रीम या मक्खन में बने पकवान सेहत के लिए नुकसानदायक होते हैं. लीन, ग्रिल्ड या बेक्ड चिकन ब्लड शुगर कंट्रोल करने के लिए कहीं बेहतर ऑप्शन है.

डायबिटीज वालों के लिए मटन के मुकाबले चिकन एक बेहतर ऑप्शन है. मटन कभी-कभी और कम मात्रा में ही खाना चाहिए, जबकि चिकन को अगर सही तरीके से बनाया जाए तो रेगुलर खाया जा सकता है. याद रखें – बैलेंस ही अच्छी सेहत का असली राज है.

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Disclaimer : इस खबर में दी गई जानकारी और सलाह एक्सपर्ट्स से बातचीत पर आधारित है. यह सामान्य जानकारी है, पर्सनल सलाह नहीं. इसलिए किसी भी सलाह को अपनाने से पहले एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें. किसी भी नुकसान के लिए News-18 जिम्मेदार नहीं होगा.

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डायबिटीज के मरीजों के लिए बेहतर मीट कौन सा है चिकन या मटन? यहां जानें!

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