Indian Railways News: उत्तर भारत में सर्दी और कोहरे की दस्तक से पहले ही रेलवे ने बड़ा निर्णय लेते हुए दुर्ग-छपरा के बीच चलने वाली सारनाथ एक्सप्रेस (15159/15160) के कुल 66 फेरे आज (मंगलावर) से 15 फरवरी तक निरस्त कर दिए हैं। यह ट्रेन मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, यूपी और बिहार के लाखों यात्रियों के लिए परेशानी मानी जाती है। ऐसे में निरस्तीकरण का असर व्यापक होगा।
Publish Date: Tue, 02 Dec 2025 06:03:09 PM (IST)
Updated Date: Tue, 02 Dec 2025 06:03:09 PM (IST)
HighLights
- दुर्ग-छपरा रूट पर बड़ा फैसला
- सारनाथ एक्सप्रेस के 66 फेरे रद्द
- 3 महीने यात्रियों की बढ़ी परेशानी
नईदुनिया प्रतिनिधि, सतना। उत्तर भारत में सर्दी और कोहरे की दस्तक से पहले ही रेलवे ने बड़ा निर्णय लेते हुए दुर्ग-छपरा के बीच चलने वाली सारनाथ एक्सप्रेस (15159/15160) के कुल 66 फेरे आज (मंगलावर) से 15 फरवरी तक निरस्त कर दिए हैं। यह ट्रेन मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, यूपी और बिहार के लाखों यात्रियों के लिए परेशानी मानी जाती है। ऐसे में निरस्तीकरण का असर व्यापक होगा।
कोहरे और सुरक्षा को आधार बनाकर निर्णय
रेलवे के अनुसार दिसंबर से फरवरी तक घने कोहरे का अनुमान है। सारनाथ एक्सप्रेस का रूट पहाड़ों, जंगलों और कई हाई-रिस्क सेक्शनों से गुजरता है, जहां दृश्यता कम होने पर दुर्घटनाओं की संभावना बढ़ जाती है। इस वजह से ट्रेनों के समय पर संचालन में गंभीर चुनौतियां आती हैं। रेलवे ने स्पष्ट किया कि यात्री सुरक्षा सर्वोपरि है, इसलिए लंबे अंतराल के लिए यह निर्णय लिया गया।
तीन महीने तक ट्रेन एक दिन चलेगी, अगले दिन रद्द
रेलवे शेड्यूल के अनुसार, अगले तीन महीनों तक सारनाथ एक्सप्रेस क्रमश: एक दिन चलेगी, एक दिन कैंसिल रहेगी। यह पैटर्न इसलिए अपनाया गया है ताकि रूट पर न्यूनतम ट्रैफिक दबाव बना रहे और सुरक्षा मानकों का पालन हो सके। परंतु इस व्यवस्था से यात्रियों की दिक्कतें बढ़ना तय है।
गोंदिया-बरौनी एक्सप्रेस पर बढ़ेगा यात्री दबाव
सारनाथ एक्सप्रेस के आंशिक रूप से बंद रहने से इसी रूट की एक और प्रमुख ट्रेन गोंदिया–बरौनी एक्सप्रेस पर भी भारी दबाव बढऩे की आशंका व्यक्त की गई है। पहले से फुल चल रही इस ट्रेन में अब अतिरिक्त हजारों यात्रियों का भार पड़ेगा, जिससे वेटिंग लिस्ट अत्यधिक बढ़ेगी।
यात्रियों को मिलेगा पूरा रिफंड
रेलवे अधिकारियों ने कहा है कि कोहरे के कारण रद्द की गई ट्रेनों में यात्रियों को टिकट का पूरा पैसा स्वत: रिफंड किया जाएगा। काउंटर टिकट वाले यात्री भी निर्धारित समय सीमा में रिफंड प्राप्त कर सकेंगे।
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सारनाथ एक्सप्रेस के 66 फेरों का निरस्तीकरण आगामी महीनों में इस रूट पर ट्रैवल प्लानिंग को गंभीर रूप से प्रभावित करेगा। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी यात्राएं पर्याप्त सोच-विचार और वैकल्पिक ट्रेनों की उपलब्धता के अनुसार ही तय करें।
- चलने वाले दिनों में वेटिंग लिस्ट रिकॉर्ड स्तर पर जा सकती है
- टिकट कन्फर्म कराने के लिए यात्रियों को कई दिन पहले बुकिंग करनी होगी
- रोज़ाना सफर करने वाले व्यापारी, मजदूर और छात्र सबसे अधिक प्रभावित होंगे
- गोंदिया एक्सप्रेस पर दबाव कई गुना बढ़ेगा
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