Success Story: सहरसा के बीटेक पास युवा साकेत कुमार ने अपनी इंजीनियरिंग की पढ़ाई का इस्तेमाल स्वरोजगार के लिए करते हुए एग इनक्यूबेटर मशीन से चूजे तैयार करने का सफल स्टार्टअप शुरू किया है. अब स्थानीय स्तर पर ही कड़कनाथ, सोनाली और वनराजा जैसी उन्नत देसी नस्लों के चूजे उपलब्ध हैं. जिससे जिले के पोल्ट्री फार्मर्स को दूसरे राज्यों पर निर्भर नहीं रहना पड़ता. 25 हजार की मशीन से शुरू हुआ यह सफर अब पूरे इलाके के लिए मिसाल बन गया है. .