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Tips To Reverse Fatty Liver: आज के समय में फैटी लिवर से करोड़ों लोग जूझ रहे हैं. यह समस्या तब होती है, जब लिवर की सेल्स में फैट की मात्रा बढ़ जाती है. अगर शुरुआत में ही खानपान और लाइफस्टाइल में बदलाव किए जाएं, तो फैटी लिवर को रिवर्स किया जा सकता है. अगर इस परेशानी को नजरअंदाज किया जाए, तो स्थिति गंभीर हो सकती है.
Doctor Tips To Reduce Liver Fat: फैटी लिवर की समस्या अब कॉमन हो गई है. बड़ी संख्या में लोग फैटी लिवर डिजीज से जूझ रहे हैं. गलत लाइफस्टाइल, अनहेल्दी खानपान और फिजिकल एक्टिविटी की कमी से लिवर में फैट जमा हो जाता है. जब फैट की मात्रा ज्यादा हो जाती है, जब इसे फैटी लिवर की समस्या माना जाता है. शुरूआती स्टेज में फैटी लिवर की परेशानी गंभीर नहीं होती है, लेकिन लंबे समय फैटी लिवर रहने से लिवर सिरोसिस, लिवर फेलियर या कैंसर हो सकता है. पहली और दूसरी स्टेज में फैटी लिवर को रिवर्स किया जा सकता है. लिवर के डॉक्टर से फैटी लिवर को रिवर्स करने के तरीके जान लेते हैं.
डॉक्टर ने बताया कि फैटी लिवर को रिवर्स करने के लिए बैलेंस्ड और कम फैट वाली डाइट जरूरी है. अपने खाने में ज्यादा से ज्यादा हरी सब्जियां, फल, साबुत अनाज, दालें और ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर चीजें जैसे मछली, अलसी के बीज, अखरोट शामिल करें. तेल, घी, चीनी, जंक फूड और फास्ट फूड से दूरी बनाए रखें. नींद की कमी और मानसिक तनाव भी फैटी लिवर के छिपे हुए कारण हैं. जब शरीर को पर्याप्त आराम नहीं मिलता, तो मेटाबॉलिज्म असंतुलित हो जाता है और लिवर में फैट जमा होने लगता है. रोज 7-8 घंटे की नींद जरूर लें और योग, मेडिटेशन या डीप ब्रीदिंग जैसी एक्सरसाइज का अभ्यास करें. इससे तनाव के स्तर में कमी आती है और लिवर की कार्यक्षमता बेहतर होती है.
एक्सपर्ट ने बताया कि शराब लिवर को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाती है. अगर किसी व्यक्ति को एल्कोहॉलिक फैटी लिवर डिजीज (AFLD) है, तो शराब पूरी तरह बंद करना ही इसका सबसे अच्छा इलाज है. यहां तक कि नॉन-एल्कोहॉलिक फैटी लिवर (NAFLD) वाले लोगों के लिए भी शराब नुकसानदायक होती है, क्योंकि यह लिवर में सूजन और फाइब्रोसिस का कारण बनती है. इसी तरह स्मोकिंग से भी लिवर की कोशिकाओं को ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस बढ़ता है, जिससे स्थिति और बिगड़ सकती है. फैटी लिवर के लक्षण अक्सर स्पष्ट नहीं होते, इसलिए लिवर फंक्शन टेस्ट के जरिए समय-समय पर जांच कराना जरूरी है. अगर शुरुआती अवस्था में समस्या का पता चल जाए तो इसे आसानी से कंट्रोल किया जा सकता है.
अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें
अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्… और पढ़ें