मां बाघिन रास्ते पर आराम फरमाते और उसके शावक आसपास मस्ती करते रहे।
नर्मदापुरम के सतपुड़ा टाइगर रिजर्व से दीपावली के पहले वन्यजीव प्रेमियों के लिए खुशखबर सामने आई है। यहां की फायरलाइन बाघिन ने चार शावकों को जन्म दिया है। पहली बार बाघिन अपने चार नन्हे शावकों के साथ जंगल सफारी के दौरान सैलानियों को दिखाई दी।
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मां बाघिन और शावक जंगल के रास्ते पर आराम फरमाते नजर आए, जिससे जिप्सी कुछ दूर पहले ही रुक गई।
सैलानियों ने बिना शोर किए इस अद्भुत नजारे को अपने कैमरे में कैद किया। सतपुड़ा टाइगर रिजर्व (एसटीआर) प्रबंधन ने मां-बेटों की यह पहली तस्वीर जारी की है।
एसटीआर के सहायक संचालक अंकित जामोद और रेंजर राहुल उपाध्याय ने बताया कि यह वही फायरलाइन बाघिन है, जो रिजर्व के कोर एरिया में अक्सर देखी जाती रही है।पुणे से आए पर्यटकों को शनिवार को जंगल सफारी के दौरान बाघिन अपने करीब 3–4 महीने के शावकों के साथ नजर आई।
रास्ते के बीच में शावकों के साथ बैठी बाघिन।
रास्ते पर बैठी मां, मस्ती करते रहे शावक मढ़ई क्षेत्र में जंगल सफारी के दौरान मां बाघिन रास्ते पर बैठी रही, जबकि उसके चारों शावक आसपास उछल-कूद और मस्ती करते रहे। सैलानियों के लिए यह पल किसी सपने जैसा था।महाराष्ट्र के पुणे से आए पर्यटकों ने रोमांचक दृश्य को कैमरे में कैद किया।
जंगल सफारी में बढ़ी रौनक सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के चूरना का कोर क्षेत्र 5 अक्टूबर और मढ़ई गेट 11 अक्टूबर से सैलानियों के लिए खोले गए हैं।जंगल सफारी के दौरान सैलानियों को टाइगर, तेंदुआ, बाइसन, हिरण समेत कई वन्यप्राणियों के दर्शन हो रहे हैं।नन्हे शावकों के साथ बाघिन के दिखने से अब यहां पर्यटकों का उत्साह और भी बढ़ गया है।


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