कम से कम 7-8 घंटे की जरूर ले नींद
डॉक्टर रिद्धि पांडे ने लोकल 18 को बताया कि इस प्रकार के दर्द का मुख्य कारण आज की व्यस्त और असंतुलित जीवनशैली है. लोग अपने शरीर को पर्याप्त आराम नहीं दे पाते, जिससे मांसपेशियों में जकड़न और थकान बढ़ जाती है. उन्होंने सलाह दी कि सबसे पहले अपने सोने और आराम करने के तरीके को सुधारना चाहिए. हर व्यक्ति को रोजाना कम से कम 7-8 घंटे की नींद अवश्य लेनी चाहिए और गद्दा ऐसा होना चाहिए, जो न अधिक सख्त हो और न ही अधिक मुलायम, ताकि रीढ़ की हड्डी को सही सहारा मिल सके.
व्यायाम और टहलना भी बेहद जरूरी
उन्होंने आगे कहा कि रोजाना थोड़ा समय टहलने और हल्की-फुल्की कसरत के लिए निकलना चाहिए. इससे शरीर में रक्त संचार बेहतर होता है और जोड़ों के बीच का लुब्रिकेशन बना रहता है. वह यह भी कहती हैं कि हर समस्या के लिए अलग तरह की एक्सरसाइज होनी चाहिए. जैसे अगर जोड़ों में दर्द है, तो टारगेटेड ज्वाइंट एक्सरसाइज करनी चाहिए, मोटापा कम करना है, तो कार्डियो या फैट बर्निंग एक्सरसाइज करें.
इसके अलावा कुछ घरेलू उपाय भी हैं, जो इस दर्द से राहत दिला सकते हैं.
1. हल्दी वाला दूध: हल्दी में प्राकृतिक एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जो दर्द और सूजन को कम करने में मदद करते हैं. रोज रात को हल्दी वाला गर्म दूध पीने से शरीर के अंदरूनी दर्द में काफी आराम मिलता है.
होम्योपैथिक दवाएं भी हो सकती हैं बेहतर विकल्प
अगर इन उपायों से भी आराम नहीं मिलता, तो होम्योपैथिक दवाएं एक बेहतर विकल्प हो सकती हैं. ये दवाएं प्राकृतिक तत्वों से बनी होती हैं और इनके साइड इफेक्ट भी बहुत कम होते हैं. डॉक्टर रिद्धि पांडे का मानना है कि बार-बार पेन किलर लेना, विशेष रूप से महिलाओं के लिए, नुकसानदायक हो सकता है. अंग्रेजी दवाओं के अत्यधिक सेवन से शरीर पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है और कई बार यही दवाएं दर्द का कारण भी बन जाती हैं. इसीलिए शरीर का ध्यान रखना हमारी जिम्मेदारी है. यदि दर्द असहनीय हो या लंबे समय तक बना रहे, तो तुरंत डॉक्टर से परामर्श लेना चाहिए, लेकिन सामान्य दर्द के लिए यह घरेलू उपाय और जीवनशैली में बदलाव आपको राहत दिला सकते हैं.
.