पेनकिलर का ज्यादा इस्तेमाल करना क्यों खतरनाक? डॉक्टर ने बताई वजह, सभी के लिए जानना जरूरी

Last Updated:

Painkiller Side Effects: छोटी-मोटी परेशानियों में लोग पेनकिलर खा लेते हैं, लेकिन बार-बार पेनकिलर लेने से सेहत को गंभीर नुकसान भी हो सकते हैं. पेनकिलर का ओवर यूज किडनी, लिवर और हार्ट जैसे ऑर्गन्स को डैमेज कर सकता है. पेनकिलर्स न केवल पेट में अल्सर और इंटरनल ब्लीडिंग का कारण बन सकते हैं, बल्कि ये शरीर की प्राकृतिक क्षमता को भी कम कर देते हैं.

Zoom

पेनकिलर का ओवर यूज किडनी और लिवर को डैमेज कर सकता है.

Facts About Painkillers: आजकल सिरदर्द, बदन दर्द या किसी भी तरह का दर्द होने पर लोग मेडिकल स्टोर से पेनकिलर खरीदकर खा लेते हैं. कई लोग अपने बैग में पेनकिलर रखते हैं और जरा सी परेशानी होने पर उसे खा लेते हैं. डॉक्टर की सलाह के बिना पेनकिलर का सेवन नहीं करना चाहिए, क्योंकि इन दवाओं को ज्यादा इस्तेमाल सेहत के लिए खतरनाक हो सकता है. हेल्थ एक्सपर्ट्स का साफ कहना है कि पेनकिलर्स का अत्यधिक सेवन शरीर के महत्वपूर्ण ऑर्गन्स जैसे- किडनी, लिवर और हार्ट को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है. लोग अक्सर इसे एक साधारण उपाय समझते हैं, जबकि यह एक गंभीर स्वास्थ्य जोखिम है.

इंडियन एयरफोर्स के पूर्व मेडिकल ऑफिसर और सीनियर फिजीशियन डॉ. वरुण चौधरी ने News18 को बताया कि पेनकिलर्स का सबसे बुरा असर हमारी किडनी पर पड़ता है. जब हम नियमित रूप से नॉन-स्टेरॉयडल एंटी-इंफ्लेमेटरी ड्रग्स (NSAIDs) जैसे आइबूप्रोफेन या डाइक्लोफेनिक लेते हैं, तो यह किडनी में ब्लड फ्लो को कम कर देती हैं. लंबे समय तक ऐसा होने से किडनी की कोशिकाएं क्षतिग्रस्त होने लगती हैं, जिससे क्रोनिक किडनी डिजीज और किडनी फेलियर का खतरा बढ़ जाता है. कई मामलों में मरीजों को पता भी नहीं चलता कि उनकी किडनी खराब हो रही है, क्योंकि इसके लक्षण काफी देर से सामने आते हैं.

सेहत, रिलेशनशिप, लाइफ या धर्म-ज्योतिष से जुड़ी है कोई निजी उलझन तो हमें करें WhatsApp, आपका नाम गोपनीय रखकर देंगे जानकारी.

डॉक्टर ने बताया कि पेनकिलर का ज्यादा सेवन लिवर के लिए जहरीला साबित हो सकता है. लिवर इन दवाओं को फिल्टर करने का काम करता है और अत्यधिक मात्रा में ये दवाएं लिवर की कोशिकाओं को नष्ट कर हेपेटोटॉक्सिसिटी पैदा कर सकती हैं. इसके अलावा ये दवाएं पेट की आंतरिक परत को भी नुकसान पहुंचाती हैं, जिससे पेट में अल्सर, एसिडिटी और इंटरनल ब्लीडिंग जैसी गंभीर समस्याएं पैदा हो सकती हैं. पेनकिलर्स का लंबे समय तक इस्तेमाल हार्ट हेल्थ के लिए भी खतरनाक है.

एक्सपर्ट की मानें तो कुछ पेनकिलर्स ब्लड प्रेशर भी बढ़ा सकते हैं और खून के थक्के जमने की प्रक्रिया को प्रभावित कर सकते हैं. इससे हार्ट अटैक और स्ट्रोक आने का खतरा काफी बढ़ जाता है. खासकर जिन लोगों को पहले से हार्ट डिजीज या हाई बीपी की समस्या है, उन लोगों को इन दवाओं का यूज बेहद सावधानी से करना चाहिए. हैरानी की बात यह है कि जो दवा आप दर्द कम करने के लिए लेते हैं, वही भविष्य में दर्द का कारण बन सकती है. जब शरीर को पेनकिलर्स की आदत हो जाती है, तो दवा का असर खत्म होते ही दर्द और भी तीव्रता के साथ वापस आता है. इससे व्यक्ति दवाओं पर मानसिक और शारीरिक रूप से निर्भर हो जाता है, जिससे उसका तंत्रिका तंत्र संवेदनशील हो जाता है और सामान्य सहनशक्ति कम होने लगती है.

About the Author

अमित उपाध्याय

अमित उपाध्याय News18 Hindi की लाइफस्टाइल टीम के अनुभवी पत्रकार हैं, जिनके पास प्रिंट और डिजिटल मीडिया में 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। वे हेल्थ, वेलनेस और लाइफस्टाइल से जुड़ी रिसर्च-बेस्ड और डॉक्टर्स के इंटरव्…और पढ़ें

Share me..

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *