भोपाल के कोलार में बने डी मार्ट के सामने पुलिस चेकिंग पॉइंट पर बस रोकने के बाद रेलकर्मियों और पुलिसकर्मी के बीच विवाद हो गया। मामूली बहस से शुरू हुए विवाद के बाद रेलकर्मियों ने आरक्षक के साथ झूमाझटकी कर दी। रेलकर्मियों का आरोप है कि आरक्षक ने उनके साथ अभद्रता की। वहीं आरक्षक का कहना है कि रेलकर्मियों ने बस रोकने से नाराज होकर उसके साथ झूमझटकी की और अपशब्द कहे। पूरी घटनाक्रम के वीडियो सामने आए हैं, इसके बाद डीसीपी मयूर खंडेलवाल ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं। जांच में आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। पुलिस के अनुसार सरजीत यादव ट्रैफिक विभाग में आरक्षक है। उसकी ड्यूटी कोलार डी मार्ट के सामने लगी थी। रविवार शाम करीब साढ़े छह बजे के आसपास सरजीत ने एक बस को रोका। बस रुकने पर उसमें बैठे रेलकर्मी बाहर आ गए। सिपाही सरजीत से बस को रोकने का कारण पूछने लगे और कहने लगे कि हम सेंट्रल के कर्मचारी हैं। आरक्षक ने कहा कि शाम 5 से 9 बजे तक भारी वाहनों को शहर के अंदर प्रवेश नहीं है। आपके पास कोई परमिशन है। बस पर बैनर लगाकर रखा है, जिससे नंबर प्लेट भी नहीं दिख रही है। यह बात सुनकर बस में सवार तीन रेलकर्मी भड़क गए और आरक्षक से झूमाझटकी करने लगे। आरक्षक ने उनका विरोध करते हुए मोबाइल पर वीडियो बनाना शुरू कर दिया। इसी बीच एक व्यक्ति ने आरक्षक सरजीत यादव के साथ मारपीट शुरू कर दी। कुछ ही दूरी पर मौजूद ट्रैफिक के एसआई पहुंच गए। उन्होंने आरक्षक सरजीत को बचाया। बाद में ड्रायल 112 की गाड़ी आई और रेलकर्मियों को पकड़कर वहां से ले गई। पुलिस ने बताया कि कोलार रोड पर ट्रैफिक का दबाव ज्यादा रहता है। इस रोड पर हादसे भी अधिक होते हैं। चेकिंग पाइंट पर सिपाही और एसआई खड़े थे। वे ट्रैफिक सुचारू रहे इसलिए केवल खड़े थे। कोई चेकिंग पाइंट शुरू नहीं किया था। इसी बीच हेवी व्हीकल बस नजर आई। ट्रैफिक आरक्षक सरजीत ने बस चालक को रोका और बस साइड में लगाने को कहा। इसी बात को लेकर बस में सवार युवा रेलकर्मी ने विवाद किया। तस्वीरों में देखिए ट्रैफिक सिपाही से झूमाझटकी करते रेलकर्मी… .