Last Updated:
Success Story: हुनर किसी शारीरिक बाधा का मोहताज नहीं होता. इस बात को बोकारो सेक्टर-6 के दो सगे भाइयों ने सच कर दिखाया है. अभय प्रकाश और उनके छोटे भाई आदित्य प्रकाश ने अपनी दिव्यांगता (मुख-बधिर) को कमजोरी बनाने के बजाय अपने स्केच आर्ट और डिजिटल पेंटिंग के हुनर को एक सफल बिजनेस में बदल दिया है. आज इनके द्वारा बनाए गए पोर्ट्रेट्स की मांग न केवल बोकारो बल्कि देश-विदेश में भी हो रही है.
अभय प्रकाश पिछले तीन वर्षों से इस क्षेत्र में सक्रिय हैं. बचपन से ही उन्हें चित्रकारी का शौक था, लेकिन आदित्य के मुख-बधिर होने और भविष्य में नौकरी को लेकर अनिश्चितताओं के बीच दोनों भाइयों ने मिलकर कुछ अलग करने का फैसला किया.
उन्होंने अपनी कला की बारीकियों को यूट्यूब के जरिए निखारा. आज स्थिति यह है कि वे महज कुछ ही मिनटों में किसी भी व्यक्ति की तस्वीर देखकर उसका सटीक स्केच या डिजिटल पेंटिंग तैयार कर देते हैं. दोनों भाइयों ने अपने काम को प्रोफेशनल लुक देने के लिए sketchthephotos.com नाम से अपनी वेबसाइट लॉन्च की है.
इसके साथ ही वे ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म Amazon के माध्यम से भी अपने आर्ट को बेच रहे हैं. उनके पास पोर्ट्रेट की शुरुआती कीमत ₹800 है. जिसमें फ्रेमिंग भी शामिल होती है. ग्राहकों की पसंद के अनुसार वे कस्टमाइज्ड डिजिटल और हैंड-स्केच पोर्ट्रेट तैयार करते हैं.
Add News18 as
Preferred Source on Google
कड़ी मेहनत और बेहतरीन कला का ही नतीजा है कि दोनों भाई मिलकर महीने में करीब 200 से 300 ऑर्डर पूरे करते हैं. इससे उन्हें हर महीने 1 लाख से 1.5 लाख रुपये तक की शानदार आमदनी हो रही है. उनके पिता बोकारो स्टील प्लांट से सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं. अपने बेटों की इस आत्मनिर्भरता पर गर्व महसूस करते हैं. उन्हें निरंतर आगे बढ़ने का हौसला देते हैं.
अभय और आदित्य की यह कहानी उन युवाओं के लिए प्रेरणा है जो नौकरियों की कमी का रोना रोते हैं. इन दोनों भाइयों का अगला लक्ष्य अपने आर्ट बिजनेस को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बड़े ब्रांड के रूप में स्थापित करना है.
वे साबित कर चुके हैं कि अगर इरादे मजबूत हों, तो घर के एक कोने से शुरू हुआ छोटा सा शौक भी आपको एक सफल उद्यमी बना सकता है.
.