मंडला जिला मुख्यालय स्थित पुलिस लाइन मैदान में गणतंत्र दिवस का मुख्य समारोह हुआ गया। इस अवसर पर विभिन्न विभागों ने अपनी योजनाओं, उपलब्धियों और सामाजिक संदेशों को प्रदर्शित करती झांकियां निकालीं। इन झांकियों में कान्हा टाइगर रिजर्व की प्रस्तुति भी दिखी। इस झांकी में कान्हा नेशनल पार्क के उस सफल मॉडल को दर्शाया गया, जिसके तहत जंगल में घायल या अनाथ हुए बाघ के शावकों को बचाया जाता है और उनका इलाज किया जाता है। शावकों के देखभाल की झांकी दर्शायी झांकी ने यह भी प्रदर्शित किया कि कान्हा का वन्यजीव प्रबंधन इन शावकों को चिकित्सकीय देखभाल प्रदान कर स्वस्थ करता है। इसके बाद उन्हें प्राकृतिक वातावरण में रहने के लिए तैयार कर मध्य प्रदेश के अन्य राष्ट्रीय उद्यानों में सफलतापूर्वक पुनर्वासित किया जाता है। झांकी पर मंत्री जायसवाल बोले-अद्भुत और प्रेरणादायक कार्यक्रम के मुख्य अतिथि और जिले के प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल ने झांकियों का अवलोकन किया। उन्होंने कान्हा टाइगर रिजर्व की टीम के कार्यों को ‘अद्भुत और प्रेरणादायक’ बताया। मंत्री जायसवाल ने कहा कि गणतंत्र दिवस पर निकाली गई झांकियों में कान्हा नेशनल पार्क की प्रस्तुति सबसे अलग और सराहनीय थी। प्रभारी मंत्री ने आगे कहा, ‘यह जानकर गर्व होता है कि हमारे यहां घायल बाघ के शावकों को बच्चों की तरह पाल-पोसकर स्वस्थ किया जाता है और फिर उन्हें प्रदेश के अन्य जंगलों में पुनर्वासित किया जा रहा है।’ वेटरनरी डॉक्टरों और वनकर्मियों को प्रभारी मंत्री ने दी बधाई उन्होंने इस उल्लेखनीय कार्य के लिए कान्हा के पशु चिकित्सकों (वेटरनरी डॉक्टरों) और वनकर्मियों को बधाई दी। मंत्री ने उन डॉक्टरों और फील्ड स्टाफ की विशेष सराहना की, जो अपनी जान जोखिम में डालकर हिंसक वन्यप्राणियों की सेवा में लगे रहते हैं। प्रभारी मंत्री ने जोर देकर कहा कि ऐसे प्रयास न केवल वन्यजीव संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण हैं, बल्कि मध्य प्रदेश को ‘टाइगर स्टेट’ के रूप में और अधिक सशक्त बनाने में भी अहम भूमिका निभा रहे हैं। .