खंडवा जिले से सामने आए सनसनीखेज हत्याकांड में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है। मां के कथित अवैध संबंधों और उससे जुड़ी बदनामी से आहत 22 वर्षीय युवक ने अपनी मां के प्रेमी की बेरहमी से हत्या कर दी थी। इस मामले में आरोपी को न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। घटना खंडवा जिले के छैगांवमाखन थाना क्षेत्र के सुल्याखेड़ी गांव की है। यहां रहने वाले सुधीर वानखेड़े (22) को अपनी मां के गांव के ही युवक जयपाल सिंह राजपूत (35) से प्रेम संबंधों की जानकारी मिली थी। बताया गया कि सुधीर इस रिश्ते से मानसिक रूप से परेशान था और उसने कई बार जयपाल को समझाने की कोशिश भी की, लेकिन जब कोई असर नहीं हुआ तो वह गुस्से में आ गया। घटना की रात सुधीर ने पहले जयपाल से विवाद किया, फिर डंडे से हमला किया और इसके बाद चाकू से ताबड़तोड़ 20 से अधिक वार कर उसकी नृशंस हत्या कर दी। जयपाल की खून से लथपथ लाश गांव के एक खेत में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। इस बहुचर्चित हत्याकांड में गुरुवार को न्यायालय ने फैसला सुनाया। अभियोजन पक्ष की ओर से शासकीय अधिवक्ता अश्विनी भाटे ने मजबूत पैरवी की। मामले की सुनवाई करते हुए न्यायाधीश अनिल चौधरी ने आरोपी सुधीर वानखेड़े को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। जांच में ऐसे खुला था हत्या का राज
हत्या की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉड की मदद से जांच की गई। डॉग स्क्वॉड ने सीधे आरोपी सुधीर तक पुलिस को पहुंचाया। पुलिस के मुताबिक, मृतक के शरीर पर 20 से ज्यादा गहरे घाव पाए गए, जिससे साफ था कि हत्या बेहद बेरहमी से की गई। जांच में सामने आया कि आरोपी घटना के बाद इंदौर भागने की फिराक में था, लेकिन पुलिस ने उसे रास्ते में ही गिरफ्तार कर लिया। चाकू और डंडा बरामद किया गया
पूछताछ में सुधीर ने हत्या करना कबूल कर लिया और कहा कि उसे अपने किए पर कोई पछतावा नहीं है। पुलिस ने आरोपी के घर से हत्या में इस्तेमाल किया गया चाकू और डंडा भी जब्त किया। मामले में यह भी जांच की गई कि हत्या में कोई और शामिल तो नहीं था, हालांकि फिलहाल आरोपी अकेला ही पाया गया। .