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दिल्ली में शीतलहर और प्रदूषण से एम्स में सांस की बीमारियों के मरीज बढ़े हैं. लोग नाक बहने, खांसी और बलगम की शिकायत लेकर अस्पताल में आ रहे हैं. प्रोफेसर संजीव सिन्हा ने इस दौरान पहले से बीमारियों से ग्रस्त लोगों को सावधानी बरतने और ठंड में बाहर न निकलने की सलाह दी है.
दिल्ली में शीतलहर और प्रदूषण के कॉम्बो ने हालत खराब कर दी है. दोनों के कॉम्बो के चलते पहले से बीमार लोगों को कई परेशानियां हो रही हैं वहीं एम्स में भी ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ रही है. कड़ाके की सर्दी के चलते सांस से जुड़ी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है, खासकर उन लोगों के लिए जिन्हें पहले से फेफड़ों की पुरानी बीमारी है. एम्स दिल्ली के प्रोफेसर संजीव सिन्हा ने चेतावनी दी है कि तापमान गिरने से सांस की नली (विंडपाइप) सिकुड़ जाती है, जिससे COPD और क्रॉनिक ब्रोंकाइटिस के मरीजों को सांस लेने में ज्यादा परेशानी होती है.
प्रोफेसर सिन्हा ने बताया, ‘हमारे इमरजेंसी वार्ड में COPD के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है. मरीज लगातार खांसी और बलगम की शिकायत लेकर आ रहे हैं. इस मौसम में घर के अंदर और बाहर दोनों तरह के प्रदूषण से बीमारी बढ़ सकती है और गंभीर हालत में निमोनिया भी हो सकता है. यह संक्रमण बैक्टीरिया, वायरस या फंगस से हो सकता है.’
क्या दी मरीजों को सलाह?
डॉ. सिन्हा ने सांस की पुरानी बीमारी वाले मरीजों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी है. उनका कहना है कि ऐसे मरीज बिना जरूरत ठंड में बाहर न निकलें, दवाइयां नियमित रूप से लेते रहें और अगर अचानक सांस फूलना, तेज खांसी या कोई गंभीर लक्षण हों तो तुरंत अस्पताल जाएं. कुछ मरीजों को ऑक्सीजन की भी जरूरत पड़ सकती है.
देखा जा रहा है कि कई मरीज साइनस की समस्या, नाक से पानी बहना और लगातार खांसी की शिकायत लेकर आ रहे हैं.भीड़-भाड़ वाली जगहों पर ज़्यादा समय बिताने से वायरल संक्रमण तेजी से फैल रहा है. ऐसे मामलों में हम एंटीवायरल दवाइयां, खांसी का सिरप, पैरासिटामोल और जरूरत पड़ने पर एंटीबायोटिक देते हैं.
क्या करें बचाव के लिए
उन्होंने कहा कि लोग इस मौसम में गरम कपड़े पहनें, परतों में कपड़े पहनना बेहतर है, पर्याप्त पानी पीएं, सूप और पौष्टिक भोजन लें और लंबे समय तक ठंड में रहने से बचें. ये शीत लहर जब तक जारी रहती है, तब तक बुज़ुर्गों और सांस या दिल की पुरानी बीमारी वाले लोगों को खास तौर पर सतर्क रहने की जरूरत है. अभी सावधानी बरतने से आगे चलकर गंभीर संक्रमण और जटिलताओं से बचा जा सकता है.
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अमर उजाला एनसीआर में रिपोर्टिंग से करियर की शुरुआत करने वाली प्रिया गौतम ने हिंदुस्तान दिल्ली में संवाददाता का काम किया. इसके बाद Hindi.News18.com में वरिष्ठ संवाददाता के तौर पर काम कर रही हैं. हेल्थ एंड लाइफस्…और पढ़ें