खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने शुक्रवार को नरसिंहपुर पहुंचे। उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि केंद्र सरकार की ‘व्हीबीजी रामजी योजना’ ग्रामीण मजदूरों को 125 दिन रोजगार की गारंटी देती है। मनरेगा से अधिक रोजगार मिलेगा मंत्री राजपूत ने बताया कि यह योजना मनरेगा योजना के 100 दिन रोजगार से आगे है। उन्होंने कहा कि यह बदलाव ग्रामीण मजदूरों की आय, सम्मान और जीवन स्तर बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। साप्ताहिक भुगतान और अतिरिक्त रोजगार नए नियमों के अनुसार मजदूरों को अब साप्ताहिक भुगतान मिलेगा, जिससे उनकी मजदूरी समय पर मिल सकेगी और आर्थिक स्थिरता मजबूत होगी। इसके अलावा, वन क्षेत्रों में काम करने वाले अनुसूचित जनजाति के श्रमिकों को 25 दिन अतिरिक्त रोजगार भी मिलेगा। केवल मिट्टी के कार्य तक सीमित नहीं मंत्री ने बताया कि योजना केवल मिट्टी के कार्यों तक सीमित नहीं होगी। इसके तहत सीमेंट सड़क, भवन निर्माण और पंचायतों की जरूरत के अन्य विकास कार्य भी कराए जाएंगे। इससे गांवों में स्थायी परिसंपत्तियों का निर्माण होगा और रोजगार के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्र आत्मनिर्भर बनेगा। विकसित भारत 2047 की ओर कदम गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि 125 दिन रोजगार की यह गारंटी ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य की दिशा में एक मजबूत कदम है। इससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी और गांव ‘स्मार्ट’ बनेंगे। .